Him Beat Bureau, शिमला | स्टूडेंट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (SFI) की हिमाचल प्रदेश राज्य कमेटी और शिमला नगर कमेटी ने सरदार पटेल विश्वविद्यालय (SPU Mandi), मंडी में छात्र नेताओं पर कथित हमले के विरोध में उपायुक्त कार्यालय शिमला के बाहर प्रदर्शन किया। SFI ने पुलिस प्रशासन से मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की मांग उठाई।
SFI की ओर से जारी प्रेस नोट के अनुसार, 17 अक्टूबर को SPU मंडी में राज्य सचिव कामरेड सनी सेक्टा और राज्य कमेटी सदस्य कामरेड ऋत्विक पर ABVP से जुड़े कार्यकर्ताओं ने हमला किया। संगठन का आरोप है कि दोनों छात्र नेता विश्वविद्यालय प्रशासन से मिलने जा रहे थे, इसी दौरान उन पर हमला किया गया। SFI हिमाचल प्रदेश के राज्य अध्यक्ष अनिल ठाकुर ने कहा कि छात्र नेताओं पर हमला राजनीतिक असहिष्णुता और लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति अवमानना को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालयों में छात्रों को अपनी बात रखने, संगठन बनाने और प्रशासन के समक्ष मुद्दे उठाने का लोकतांत्रिक अधिकार है। हिंसा के जरिये असहमति की आवाज को दबाने की कोशिश निंदनीय है।
SFI ने आरोप लगाया कि शैक्षणिक परिसरों में वैचारिक असहमति के कारण हिंसा की घटनाएं सामने आती रही हैं। संगठन ने दिल्ली, बेंगलूरू और हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय, शिमला में छात्र संगठनों के बीच हुई कथित झड़पों का उल्लेख करते हुए कहा कि ऐसी घटनाएं परिसर में छात्रों की सुरक्षा और लोकतांत्रिक माहौल पर गंभीर सवाल खड़े करती हैं। संगठन का कहना है कि विश्वविद्यालय किसी भी छात्र संगठन की निजी जागीर नहीं हैं। परिसरों में स्वतंत्र विचार, लोकतांत्रिक बहस और सभी छात्र संगठनों की गतिविधियों के लिए भयमुक्त वातावरण सुनिश्चित किया जाना चाहिए।
घटना की निष्पक्ष जांच कर कार्रवाई की मांग
SFI राज्य कमेटी ने राज्य सरकार, पुलिस प्रशासन और सरदार पटेल विश्वविद्यालय प्रशासन से मांग की कि 17 अक्टूबर की घटना की निष्पक्ष और त्वरित जांच कराई जाए। साथ ही, हमले में शामिल सभी लोगों की पहचान कर कानून के अनुसार कार्रवाई की जाए और जांच को किसी भी राजनीतिक दबाव से प्रभावित न होने दिया जाए। SFI ने स्पष्ट किया कि छात्र नेताओं की सुरक्षा और लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा के मुद्दे पर संगठन अपना संघर्ष जारी रखेगा। संगठन ने विश्वविद्यालय परिसरों में वैज्ञानिक, प्रगतिशील, लोकतांत्रिक और धर्मनिरपेक्ष मूल्यों को मजबूत करने की प्रतिबद्धता भी जताई।














